जामताड़ा। चन्द्रदीपा पंचायत स्थित राजकीयकृत मध्य विद्यालय चन्द्रदीपा इन दिनों गंभीर सुरक्षा संकट से जूझ रहा है। विद्यालय परिसर के चारों ओर चारदीवारी नहीं होने के कारण बच्चे खुले और असुरक्षित माहौल में पढ़ाई करने को मजबूर हैं। अस्थायी रूप से बांस और खंभों से बनाया गया घेरा कभी भी बड़े हादसे का कारण बन सकता है।
विद्यालय मुख्य सड़क से महज 50 फीट की दूरी पर है, जहां भारी वाहनों और तेज रफ्तार बाइक की आवाजाही लगातार बनी रहती है। प्रथम से आठवीं कक्षा तक पढ़ने वाले 148 छात्र-छात्राओं की सुरक्षा को लेकर अभिभावक और शिक्षक लगातार चिंता जताते रहे हैं। कई बार बच्चे खेलते-कूदते सड़क की ओर निकल जाते हैं, जिससे अनहोनी की आशंका बनी रहती है।
प्रभारी प्रधानाध्यापिका मोहिनी सोरेन ने बताया कि चारदीवारी निर्माण को लेकर कई चरणों में मांग रखी गई, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। विद्यालय शिंदवारी पाड़ा, जिलिंग पाड़ा, ईचा पाड़ा समेत कई आदिवासी बहुल इलाकों का प्रमुख शैक्षणिक केंद्र है। सीमित संसाधनों के बावजूद विद्यालय ने उत्कृष्ट प्रदर्शन किया है। वर्ष 2024-25 में वेस्ट मटेरियल से वस्तु निर्माण प्रतियोगिता में जिला स्तर पर प्रथम स्थान प्राप्त किया था।
ग्रामीणों ने जिला प्रशासन से अविलंब चारदीवारी निर्माण कराने की मांग करते हुए कहा कि बच्चों की सुरक्षा से समझौता किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं है।
