कर्माटांड़। प्रखंड के डुमरिया गांव में बुधवार देर रात लगी भीषण आग ने दो किसानों की सालभर की मेहनत पर पानी फेर दिया। रात लगभग 11:30 बजे अज्ञात कारणों से खलिहान में आग भड़क उठी, जिसने कुछ ही मिनटों में विकराल रूप ले लिया। घटना की सूचना मिलते ही ग्रामीण मौके पर दौड़े, साथ ही फायर ब्रिगेड को जानकारी दी गई। जामताड़ा से पहुंची दमकल टीम ने कड़ी मशक्कत के बाद आग पर नियंत्रण पाया, लेकिन तब तक भारी नुकसान हो चुका था।
पीड़ित किसानों में छेदी यादव और हीरालाल यादव शामिल हैं। छेदी यादव के खलिहान में रखा लगभग 35 से 40 क्विंटल धान पूरी तरह जल गया, जबकि हीरालाल यादव का करीब 20 से 25 क्विंटल धान राख हो गया। धान का 70 प्रतिशत से अधिक हिस्सा नष्ट होने से दोनों किसान सदमे में हैं। अपने जले हुए धान को देखकर छेदी यादव फफक पड़े। उनका कहना है कि खलिहान खेत से अलग मैदान में था, जहां रात के सन्नाटे में अचानक उठी आग रहस्यमयी प्रतीत होती है। उन्होंने आशंका जताई कि यह किसी की सोची-समझी हरकत हो सकती है।
स्थानीय ग्रामीणों ने प्रशासन से घटना की उच्च स्तरीय जांच कराने और दोषियों की पहचान कर कड़ी कार्रवाई की मांग की है। साथ ही प्रभावित किसानों को मुआवजा देने की अपील भी की गई है, ताकि उनकी आजीविका पर आए संकट को कम किया जा सके।

