जामताड़ा। केंद्र सरकार की नीतियों के विरोध में कांग्रेस पार्टी ने जामताड़ा में मोर्चा खोल दिया है। शनिवार को जामताड़ा कोर्ट रोड स्थित मंत्री आवास में आयोजित प्रेस वार्ता में कांग्रेस के दिग्गज नेताओं ने केंद्र की कार्यप्रणाली पर तीखा हमला बोला और इसे गरीब, मजदूर व ग्रामीण विरोधी बताया। प्रेस वार्ता में गोड्डा के पूर्व सांसद फुरकान अंसारी तथा झारखंड सरकार के पूर्व मंत्री बादल पत्रलेख विशेष रूप से मौजूद रहे।नेताओं ने संयुक्त रूप से बताया कि अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के आह्वान पर रविवार को जामताड़ा के पुराने कोर्ट परिसर स्थित महात्मा गांधी प्रतिमा स्थल के समीप एकदिवसीय उपवास कार्यक्रम का आयोजन किया जाएगा। यह उपवास केंद्र सरकार द्वारा मनरेगा योजना के नाम में किए गए परिवर्तन के विरोध में किया जा रहा है।पूर्व मंत्री बादल पत्रलेख ने कहा कि मनरेगा जैसी ऐतिहासिक और जनोपयोगी योजना का नाम बदलकर जी राम जी करना न केवल भ्रम फैलाने वाला है, बल्कि इससे योजना की मूल भावना को ठेस पहुंची है। उन्होंने कहा कि यदि योजना में खामियां थीं, तो उन्हें सुधारना चाहिए था, न कि नाम बदलकर जनता को गुमराह किया जाए। उन्होंने आरोप लगाया कि इस निर्णय से राज्य सरकार पर 40 प्रतिशत बढ़ाकर अतिरिक्त वित्तीय बोझ डाला जा रहा है। जब तक मनरेगा अपने मूल स्वरूप में लागू नहीं होती, कांग्रेस आंदोलन जारी रखेगी।पूर्व सांसद फुरकान अंसारी ने भाजपा पर तीखा हमला करते हुए कहा कि पहले महात्मा गांधी की हत्या हुई और अब उनके विचारों को खत्म करने की कोशिश हो रही है। इससे सीधे तौर पर गरीबों और मजदूरों के अधिकारों पर हमला किया जा रहा है।प्रेस वार्ता में कांग्रेस कार्यकारी अध्यक्ष विजय दुबे, जिला प्रवक्ता इरशाद उल हक़, महिला जिलाध्यक्ष वर्षा देवी, प्रखंड अध्यक्ष दाऊद अंसारी, नंदकिशोर सिंह सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता मौजूद रहे। सभी ने उपवास कार्यक्रम को सफल बनाने का संकल्प लिया।
जामताड़ा में कांग्रेस का केंद्र पर सियासी प्रहार, उपवास आंदोलन से गूंजेगा गांधी विचार
