मिहिजाम। मिहिजाम स्थित कृष्णा आईटीआई परिसर में आयोजित उद्यमिता जागरूकता कार्यक्रम युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत बनकर सामने आया। कार्यक्रम का उद्देश्य उद्यमिता को केवल नौकरी के विकल्प के रूप में नहीं, बल्कि एक सशक्त और सम्मानजनक करियर पथ के रूप में स्थापित करना रहा। सरकारी योजनाओं, वित्तीय सहयोग और कौशल विकास से जुड़ी जानकारियों ने प्रतिभागियों के आत्मविश्वास को नई मजबूती दी।मुख्य अतिथि दास कुमार इक्का, जनरल मैनेजर (डीआईसी) जामताड़ा/दुमका ने एमएसएमई मंत्रालय की विभिन्न योजनाओं पर प्रकाश डालते हुए कहा कि सरकार प्रशिक्षण, ऋण और सब्सिडी के माध्यम से नए उद्यमियों को हरसंभव सहयोग दे रही है। उन्होंने युवाओं से आह्वान किया कि वे रोजगार खोजने के बजाय रोजगार देने वाले बनें।स्टेट बैंक ऑफ इंडिया के डिस्ट्रिक्ट मैनेजर बालादित्य कुमार ने मुद्रा योजना के तहत बिना जमानत ऋण की सरल प्रक्रिया समझाई। वहीं एमएसएमई डीएफओ धनबाद के असिस्टेंट डायरेक्टर सुजीत कुमार ने स्टार्टअप इंडिया और प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम के लाभों की विस्तृत जानकारी दी।कृष्णा आईटीआई के चेयरमैन कृष्णा साह ने नवाचार, स्थानीय मांग के अनुरूप उत्पाद और बाजार की समझ को सफलता का मूल मंत्र बताया। कार्यक्रम के दौरान यह भी घोषणा की गई कि 9 जनवरी से 18 फरवरी 2026 तक एमएसएमई विभाग द्वारा कृष्णा प्राइवेट आईटीआई में 30 चयनित छात्रों को डेस्कटॉप पब्लिशिंग का विशेष कौशल प्रशिक्षण दिया जाएगा।यह कार्यक्रम कृष्णा आईटीआई के डायरेक्टर निखिल कुमार की देखरेख में सफलतापूर्वक संपन्न हुआ, जिसमें युवाओं के भीतर उद्यमिता का नया जोश स्पष्ट रूप से दिखाई दिया।
कृष्णा आईटीआई मिहिजाम में उद्यमिता की अलख, युवाओं को मिला आत्मनिर्भर बनने का संदेश
