जामताड़ा। इलाके में ठंड ने अपना तीखा असर दिखाना शुरू कर दिया है। लगातार गिरते तापमान और शीतलहर के कारण जनजीवन प्रभावित हो रहा है। सुबह-शाम कंपकंपाती ठंड ने लोगों को अलाव का सहारा लेने पर मजबूर कर दिया है। इसी कड़ाके की सर्दी के बीच देसी स्वाद लिट्टी–चोखा लोगों के बीच खासा लोकप्रिय हो गया है।सर्द मौसम में शरीर को गर्म रखने वाला यह पारंपरिक भोजन अब सामूहिक मेल-जोल का भी जरिया बन गया है। मोहल्लों और चौक-चौराहों पर अलाव जलाकर लोग लिट्टी–चोखा का आनंद लेते नजर आ रहे हैं। कहीं दोस्तों की टोली तो कहीं परिवार के साथ बैठकर लोग गर्म-गर्म लिट्टी और चटपटे चोखे का स्वाद ले रहे हैं।ठंड बढ़ने के साथ ही बाजारों में भी लिट्टी–चोखा की मांग तेजी से बढ़ी है। जगह-जगह छोटे-बड़े स्टॉल लग गए हैं, जहां उचित दाम पर लिट्टी, चोखा और चटनी की बिक्री हो रही है। खासकर शाम ढलते ही इन स्टॉलों पर ग्राहकों की भीड़ उमड़ पड़ती है। दुकानदारों का कहना है कि सर्दी शुरू होते ही बिक्री में दोगुना इजाफा हुआ है।लोगों का मानना है कि सर्द मौसम में लिट्टी–चोखा स्वाद के साथ-साथ सेहत के लिहाज से भी फायदेमंद है। यही वजह है कि ठंड के इस मौसम में देसी व्यंजन लिट्टी–चोखा लोगों की थाली और बाजार दोनों की शान बन गया है।
कड़ाके की ठंड में लिट्टी–चोखा बना लोगों की पहली पसंद, बाजारों में बढ़ी रौनक
