मिहिजाम। मिहिजाम में जब ठंड अपने चरम पर थी और लोग रजाइयों में सिमटे हुए थे, उसी समय मिहिजाम थाना प्रभारी विवेकानंद दुबे ने मानवता की मिसाल पेश करते हुए सड़कों पर उतरकर जरूरतमंदों को राहत पहुंचाई। बुधवार देर रात स्वयं अपनी टीम के साथ पैदल गश्त करते हुए थाना प्रभारी ने 50 से अधिक असहाय, बुजुर्ग और फुटपाथ पर जीवन यापन करने वाले लोगों को उच्च गुणवत्ता के कंबल वितरित किए।यह मानवीय अभियान शहर के रेलवे स्टेशन परिसर, मुख्य बाजार, प्रमुख चौक-चौराहों और सड़क किनारे ठंड से कांप रहे लोगों के बीच चलाया गया। खास बात यह रही कि थाना प्रभारी खुद हर स्थान पर मौजूद रहे और यह सुनिश्चित करते दिखे कि कोई भी जरूरतमंद व्यक्ति मदद से वंचित न रह जाए। पुलिसकर्मियों ने बेहद संवेदनशीलता के साथ लोगों को कंबल पहनाए और उनकी कुशलक्षेम भी पूछी।अचानक पुलिस को इस रूप में देखकर जरूरतमंदों के चेहरों पर राहत और सुकून साफ झलक रहा था। स्थानीय लोगों ने इस पहल की जमकर प्रशंसा करते हुए कहा कि ऐसी ठंडी रात में पुलिस का मदद के लिए आना किसी देवदूत से कम नहीं है।थाना प्रभारी ने बताया कि ठंड के मौसम में गरीब और बेसहारा लोगों की सहायता करना पुलिस की केवल ड्यूटी ही नहीं, बल्कि सामाजिक और नैतिक जिम्मेदारी भी है। उन्होंने कहा कि भविष्य में भी ऐसे राहत अभियान जारी रहेंगे, ताकि जरूरतमंदों को समय पर मदद मिल सके और पुलिस व जनता के बीच विश्वास का रिश्ता और मजबूत हो।इस सराहनीय पहल की चर्चा मिहिजाम ही नहीं, आसपास के क्षेत्रों में भी हो रही है। ऐसे मानवीय कार्य निश्चित रूप से पुलिस की सकारात्मक छवि को मजबूत कर रहे हैं और समाज में पुलिस के प्रति भरोसे की भावना को बढ़ावा दे रहे हैं।
कड़कड़ाती रात में पुलिस बनी सहारा, मिहिजाम थाना प्रभारी ने बांटे इंसानियत के कंबल
