संताल परगना स्थापना दिवस की तैयारी तेज, माँझी परगाना सरदार महासभा की जिला बैठक में कई अहम प्रस्ताव पारित

जामताड़ा। माँझी परगाना सरदार महासभा, जिला जामताड़ा की महत्वपूर्ण बैठक प्रखंड सभागार में जिला अध्यक्ष सुनील कुमार हांसदा की अध्यक्षता में आयोजित की गई। बैठक में संरक्षक एवं राष्ट्रपति पुरस्कार प्राप्त शिक्षक सुनील कुमार बास्की, बिर माँझी सह कुंडहित प्रखंड अध्यक्ष हराधन मुर्मू, संताल समाज के विद्वान लेबेन हांसदा तथा सेवानिवृत्त शिक्षक मुंशी हेम्ब्रम विशेष रूप से उपस्थित रहे। जिले के सभी प्रखंडों के अध्यक्ष व सचिव भी बैठक में शामिल हुए।

बैठक में संताल सिविल रूल्स 1946 व संताल जस्टिस रेग्युलेशन 1893 में संशोधन के विरोध, पेसा कानून 1996 को प्रभावी रूप से लागू करने तथा माँझी, प्राणिक, नाईकी सहित परंपरागत पदधारियों को सम्मान राशि देने को लेकर चलाए गए आंदोलन की विस्तृत समीक्षा की गई। निर्णय लिया गया कि आगामी 22 दिसंबर को संताल परगना स्थापना दिवस सह संताली भाषा विजय दिवस गांधी मैदान, जामताड़ा में भव्य रूप से मनाया जाएगा। हजारों की संख्या में बुद्धिजीवी और समाजजन शामिल होंगे। रैली निकालकर उपायुक्त को ज्ञापन सौंपा जाएगा, जिसमें संताल परगना के सभी जिलों के पुनःनामकरण की मांग प्रमुख रहेगी।

इसके अलावा 24 दिसंबर को ग्रामसभा दिवस तथा 10 जनवरी को पूरे जिले में एक ही दिन सोहराय पर्व मनाने का निर्णय लिया गया। सरकार से सोहराय की पाँच दिन की छुट्टी घोषित करने की मांग भी की गई। बैठक में उपाध्यक्ष महादेव हांसदा, सीताराम मुर्मू, जामताड़ा प्रखंड अध्यक्ष नाज़िर सोरेन, सचिव डॉक्टर सोरेन, नारायणपुर अध्यक्ष सज्जन मुर्मू, सचिव संजीत हेम्ब्रम, करमाटांड़ अध्यक्ष राजेन हेम्ब्रम, सचिव लखिंद्र सोरेन, फतेहपुर अध्यक्ष मुंशी हेम्ब्रम, माँझी शिवलाल मुर्मू, मनोहरी हेम्ब्रम, दरोगा मुर्मू, जयंत हांसदा, व मुलिंद बास्की मौजूद रहे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *