चित्तरंजन। चित्तरंजन की सांस्कृतिक पहचान माने जाने वाले श्रीलता इंस्टीट्यूट का 73वां वार्षिक पुरस्कार वितरण समारोह संस्थान के मंच पर गरिमापूर्ण वातावरण में आयोजित हुआ। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि संस्थान के अध्यक्ष एवं चित्तरंजन के चीफ इलेक्ट्रिकल इंजीनियर (ट्रैक्शन मोटर) दिनेश प्रसाद साव रहे। विशिष्ट अतिथियों में सह-अध्यक्ष सह डिप्टी चीफ मैकेनिकल इंजीनियर (प्लांट) एस. बी. त्रिपाठी, विश्वभारती विश्वविद्यालय के हिंदी विभागाध्यक्ष डॉ. सुभाषचंद्र राय तथा देवघर के भारत विकास परिषद के अध्यक्ष आलोक कुमार मलिक शामिल थे।समारोह में दिसंबर और जनवरी में आयोजित नृत्य, गायन, आवृत्ति, चित्रांकन एवं श्रुति नाटक प्रतियोगिताओं के विजेताओं को सम्मानित किया गया। प्रारंभिक सांस्कृतिक प्रस्तुति में शननवी सरकार ने एकल गीत, शतरूपा भट्टाचार्य और अभिप्सा मंडल ने क्रमशः रवींद्र संगीत और नजरुल गीति प्रस्तुत किया। आवृत्ति में आरोही दास, संचारी चौधुरी और श्रीदीप दास ने प्रभाव छोड़ा, जबकि अनु कुमारी ने हिंदी कविता सुनाई। नृत्यांगन कला केंद्र की प्रस्तुति बसंतिका ने कार्यक्रम को विशेष रंग दिया।दूसरे चरण में 170 विजेताओं को पुरस्कृत किया गया। श्रुति नाटक में रूपनारायणपुर की कचिकांचा टीम अव्वल रही। श्रेष्ठ अभिनेता ऋतब्रत दास, अभिनेत्री श्रेया चटर्जी और निर्देशक कालीदास मिश्र घोषित हुए। आयोजन को सफल बनाने में महासचिव गौतम श्रीमानी, सांस्कृतिक सचिव नीलाद्रि मंडल सहित सभी पदाधिकारियों की सक्रिय भूमिका रही। मंच संचालन वरेंद्रनाथ कर्मकार ने बखूबी निभाया।
चित्तरंजन में श्रीलता इंस्टीट्यूट का 73वां पुरस्कार समारोह संपन्न, 170 प्रतिभाओं को मिला सम्मान
