चित्तरंजन। चित्तरंजन व्यवसाई कल्याण समिति (चेंबर ऑफ कॉमर्स) ने अमलादाही बाजार में प्रस्तावित यूनियन कार्यालय के आवंटन को लेकर कड़ा एतराज जताया है। समिति ने इस संबंध में चिरेका के उप महाप्रबंधक को पत्र प्रेषित कर निर्णय पर पुनर्विचार करने की मांग की है।व्यापारियों का कहना है कि चित्तरंजन का अमलादाही बाजार सबसे प्रमुख और व्यस्त कारोबारी केंद्र है, जहां प्रतिदिन चिरेका कर्मचारियों, उनके परिजनों और स्थानीय लोगों की आवाजाही रहती है। यह इलाका वर्षों से तटस्थ और शांतिपूर्ण व्यावसायिक स्थल के रूप में पहचाना जाता रहा है। ऐसे में स्ट्रीट संख्या 24 और 25 के बीच, क्रॉस रोड संख्या 14 के समीप यूनियन कार्यालय स्थापित करने का निर्णय व्यापारिक माहौल को प्रभावित कर सकता है।समिति के पदाधिकारियों ने अपने पत्र में उल्लेख किया है कि अतीत में संबंधित यूनियन द्वारा बाजार क्षेत्र में आयोजित कार्यक्रमों के दौरान यातायात बाधित हुआ और दुकानदारों को कठिनाइयों का सामना करना पड़ा। कुछ अवसरों पर तनाव की स्थिति भी बनी, जिससे व्यवसायियों में असुरक्षा की भावना व्याप्त है।व्यापारियों ने यह भी तर्क दिया कि वर्तमान में बाजार पहले से ही घटती आबादी और सीमित क्रय शक्ति के कारण आर्थिक चुनौतियों से जूझ रहा है। ऐसे संवेदनशील स्थान पर यूनियन कार्यालय खोलने से छोटे दुकानदारों और दिहाड़ी कामगारों की आजीविका पर असर पड़ सकता है।समिति ने प्रशासन को यह भी स्मरण कराया कि रेलनगरी क्षेत्र में अन्य संगठनों को अलग स्थानों पर कार्यालय उपलब्ध कराए गए हैं। शहर में कई उपयुक्त भवन उपलब्ध होने के बावजूद बाजार क्षेत्र का चयन किया जाना समझ से परे है। व्यापारियों ने सौहार्द और संतुलन बनाए रखने के लिए वैकल्पिक स्थान निर्धारित करने की अपील की है।
अमलादाही बाजार में यूनियन कार्यालय के आवंटन पर व्यापारियों ने जताई आपत्ति, पुनर्विचार की मांग
