तहलका न्यूज 24 संवाददाता काजल राय चौधरी मिहिजाम। मिहिजाम-जामताड़ा मुख्य मार्ग स्थित सहरडाल में सोमवार को झारखंड मुक्ति मोर्चा कार्यकर्ताओं द्वारा पूर्व जिलाध्यक्ष स्व. श्यामलाल हेंब्रम की पुण्यतिथि पर श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया गया। इस अवसर पर कार्यकर्ताओं ने स्व. हेंब्रम एवं दिशोम गुरु स्व. शिबू सोरेन के तैलचित्र पर माल्यार्पण एवं पुष्प अर्पित कर उन्हें श्रद्धासुमन अर्पित किया। कार्यक्रम की शुरुआत में उपस्थित सभी लोगों ने दिवंगत आत्माओं की शांति के लिए दो मिनट का मौन धारण किया।सभा से पूर्व झामुमो कार्यकर्ता बादोलीगढ़ पहुंचे, जहां उन्होंने स्व. श्यामलाल हेंब्रम के दामाद, 40 वर्षीय शिक्षक गुंजन राहुल मरांडी के पार्थिव शरीर का अंतिम दर्शन किया। रविवार रात बीमारी के कारण उनके आकस्मिक निधन से क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई। बाद में उनका पार्थिव शरीर पैतृक गांव के लिए रवाना किया गया।श्रद्धांजलि सभा को संबोधित करते हुए प्रो. कैलाश प्रसाद साव, गुरु हड़ाम रेणु मुर्मू और महेंद्र टुडू ने स्व. श्यामलाल हेंब्रम के व्यक्तित्व और योगदान को याद किया। वक्ताओं ने कहा कि वे एक समर्पित नेता थे, जिन्होंने संगठन को मजबूत करने और समाज के उत्थान में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उनके आदर्श और विचार आज भी कार्यकर्ताओं को प्रेरित करते हैं।इस अवसर पर सभा में सलिल रमन, विष्णुदेव मुर्मू, किंकर राय, इम्तियाज खान, भारतेंदु मुर्मू, इंसान अंसारी, जैनुल अंसारी, लखन किस्कू, नेहरू सोरेन, माझी हड़ाम रूबीनाथ, हाजी मकरुद्दीन अंसारी, डॉली बास्की, मेरी मरांडी, संजोकी मुर्मू, सुलेखा राय, कविता हेंब्रम, कारू यादव, आलम अंसारी, आशिफ अहमद, जाहिद अंसारी, पुलु यादव, मदन मरांडी सहित बड़ी संख्या में कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
श्रद्धा और स्मृति का संगम: श्यामलाल हेंब्रम की पुण्यतिथि पर झामुमो कार्यकर्ताओं ने दी भावभीनी श्रद्धांजलि
