तहलका न्यूज 24 संवाददाता काजल राय चौधरी 23 अप्रैल 2026 जामताड़ा। समान काम का समान वेतन की मांग को लेकर झारखंड राज्य आकलन प्रशिक्षण सहायक अध्यापक संघर्ष मोर्चा के बैनर तले जिले में जोरदार विरोध प्रदर्शन किया गया। महागठबंधन सरकार के मंत्रियों और विधायकों के आवासों के समक्ष आयोजित इस राज्यव्यापी धरना के तहत जामताड़ा में भी बड़ी संख्या में सहायक शिक्षक जुटे और स्थानीय विधायक सह स्वास्थ्य मंत्री इरफान अंसारी के आवास के बाहर अपनी मांगों को लेकर प्रदर्शन किया।सुबह से ही शिक्षक धरना स्थल पर पहुंचने लगे और देखते ही देखते बड़ी भीड़ जमा हो गई। प्रदर्शनकारियों का आरोप था कि धरना की पूर्व सूचना देने के बावजूद न तो विधायक स्वयं उनसे मिलने पहुंचे और न ही उनके किसी प्रतिनिधि ने संवाद स्थापित करने की पहल की। सुबह सात बजे से शुरू हुआ यह प्रदर्शन दोपहर तक जारी रहा, जिसमें चिलचिलाती धूप के कारण एक सहायक शिक्षक की तबीयत भी बिगड़ गई, जिससे आंदोलनकारियों में आक्रोश और बढ़ गया।धरना दे रहे शिक्षकों ने कहा कि 24 अगस्त 2024 को सरकार के साथ एक लिखित समझौता हुआ था, जिसमें आकलन प्रक्रिया को टेट के समकक्ष मान्यता देने की बात कही गई थी। लेकिन समझौते के करीब 16 महीने बीत जाने के बावजूद अब तक उस पर कोई ठोस अमल नहीं किया गया है। इस देरी को लेकर शिक्षकों में गहरी नाराजगी देखने को मिली।मोर्चा के जिला अध्यक्ष शब्बीर अंसारी, प्रखंड अध्यक्ष मो. शमीम, सदस्य जया चक्रवर्ती और रीना चक्रवर्ती समेत अन्य शिक्षकों ने कहा कि विधानसभा चुनाव के दौरान महागठबंधन द्वारा स्पष्ट रूप से आश्वासन दिया गया था कि सरकार बनने के तीन महीने के भीतर पारा शिक्षकों का स्थायीकरण कर उन्हें समान कार्य के अनुरूप वेतन दिया जाएगा। लेकिन छह वर्षों के लंबे इंतजार के बाद भी यह वादा अधूरा ही है।प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी कि यदि जल्द ही उनकी मांगों पर सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया, तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। उन्होंने सरकार से वादों को निभाने और शिक्षकों के साथ न्याय करने की अपील की।धरना स्थल पर पूरे दिन नारेबाजी और विरोध का माहौल बना रहा, जिससे स्पष्ट है कि शिक्षकों की नाराजगी अब एक बड़े आंदोलन का रूप ले सकती है।
वादा निभाओ, हक दिलाओ के नारों से गूंजा जामताड़ा, सहायक शिक्षकों का मंत्री आवास के बाहर प्रदर्शन
